करैरा । नगर परिषद के मुख्य द्वार के ठीक बाहर खाली शराब और बियर की बोतलें रोजाना बिखरी रहती हैं। स्थानीय लोगों ने गंभीर आरोप लगाया है कि शाम ढलते ही परिषद परिसर के अंदर कुछ लोग शराब पार्टी करते हैं और उपभोग के बाद बोतलें बाहर फेंक देते हैं। इससे जो लोग बाहन से नगर परिषद आते उन्हें इस कचरे के ढेर से होकर गुजरना पड़ता है। नागरिकों का कहना है कि जिस विभाग का दायित्व पूरे नगर को स्वच्छ रखना है, उसके मुख्य द्वार पर ही गंदगी का अंबार लगा है तो शहर के अन्य क्षेत्रों की स्थिति क्या होगी? लोग सवाल उठा रहे हैं कि यदि कोई वरिष्ठ अधिकारी अचानक निरीक्षण करें तो स्वच्छता व्यवस्था की पोल खुल

जाएगी। परिसर में शराब का सेवन और कचरा फेंकना सरकारी संपत्ति के दुरुपयोग का स्पष्ट प्रमाण है। स्थानीय निवासी अजय यादव ने बताया, “हर शाम 7 बजे के बाद परिसर में हंसी-ठिठोली और बोतलें खुलने की आवाजें आती हैं। सुबह तक बाहर बोतलों का ढेर लग जाता है।” एक अन्य नागरिक ने कहा, “नगर परिषद स्वच्छ भारत अभियान की बात करती है, लेकिन अपने घर से सफाई शुरू नहीं कर पा रही। नागरिकों ने मांग की है कि परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं, शाम के समय अनधिकृत प्रवेश रोका जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो। यह मामला नगर की स्वच्छता व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है।
इनका कहना है ।
दिखवाते है कहा ऐसा कचरा डला हुआ है तत्काल सफाई करवाई जाएगी
गोपाल गुप्ता सीएमओ करैरा
